नौकरी छूटी तो टूट गई जीने की आस; भोपाल में 4 महीने से बेरोजगार युवक ने शराब में मिलाकर पिया जहर

Updated on 22-06-2026 12:51 PM

भोपाल। कहते हैं बेरोजगारी सिर्फ जेब को खाली नहीं करती, बल्कि इंसान की जीने की इच्छा और उसके हौसले को भी धीरे-धीरे दीमक की तरह चाट जाती है। ऐसा ही एक झकझोर देने वाला मामला राजधानी भोपाल के नीलबड़ इलाके से सामने आया है।यहां पूजा कॉलोनी में रहने वाले एक 40 वर्षीय युवक ने नई नौकरी न मिलने के गहरे तनाव में आकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। उसने शराब में जहर मिलाकर पी लिया, जिसके बाद हमीदिया अस्पताल में चले लंबे इलाज के बाद उसने दम तोड़ दिया। वह अपने पीछे बिलखती हुई पत्नी और दो मासूम बच्चों को छोड़ गया है, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है।

नौकरी के लिए 4 महीने से भटक रहा था

पुलिस और परिजनों से मिली जानकारी के मुताबिक, मृतक सौरभ बंजारे (40) एक निजी कंपनी में नौकरी करता था। उसके पिता एक सरकारी डॉक्टर थे, जो हाल ही में सेवानिवृत्त (रिटायर) हुए थे। सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन करीब चार महीने पहले अचानक सौरभ की नौकरी छूट गई। नौकरी जाने के बाद सौरभ ने हिम्मत नहीं हारी।
वह पिछले चार महीनों से लगातार सुबह से शाम तक नई नौकरी के लिए भटक रहा था, इंटरव्यू दे रहा था। हर जगह से निराशा हाथ लगने के कारण वह धीरे-धीरे गहरे मानसिक अवसाद में चला गया। वह घर में अक्सर गुमसुम और परेशान रहने लगा था।

10 जून को दोपहर के खाने के बाद बिगड़ी तबीयत

जांच अधिकारी एसआई केके द्विवेदी ने बताया कि यह खौफनाक कदम सौरभ ने 10 जून को उठाया था। रोज की तरह उस दिन भी वह दोपहर में घर पर भोजन करने बैठा। खाना खाने के कुछ ही देर बाद अचानक उसकी तबीयत बिगड़ने लगी।
सौरभ भागकर घर की सीढ़ियों पर गया और उल्टियां करने लगा। उल्टियों से आ रही रासायनिक बदबू को सूंघकर परिजन सहम गए और उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल लेकर भागे, जहां से उसे हमीदिया अस्पताल रेफर किया गया। अस्पताल में तड़पते हुए सौरभ ने खुद रोते हुए परिजनों को बताया कि उसने निराशा में आकर शराब में जहर मिलाकर पी लिया था।

हमीदिया में 11 दिनों तक मौत से जंग

जहर शरीर में पूरी तरह फैल चुका था, लेकिन डॉक्टरों की टीम सौरभ को बचाने की हर मुमकिन कोशिश कर रही थी। सौरभ भी अपनी पत्नी और दोनों मासूम बच्चों के लिए जीना चाहता था, लेकिन कुदरत को कुछ और ही मंजूर था। अस्पताल में करीब 11 दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच कड़ा संघर्ष करने के बाद, शनिवार दोपहर करीब 2 बजे सौरभ की सांसें थम गईं।
जैसे ही डॉक्टरों ने सौरभ को मृत घोषित किया, अस्पताल परिसर परिजनों की चीखों से गूंज उठा। एक हंसता-खेलता परिवार इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहा था कि नौकरी की एक अदद तलाश उनके घर के मुखिया को इस तरह छीन लेगी। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पोस्टमार्टम कराया है और मामले की विस्तृत जांच कर रही है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 29 August 2026
भोपाल, रीवा के गांधी स्मारक अस्पताल में 9 माह की गर्भवती कल्पना मिश्रा और उसके गर्भस्थ शिशु की इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत से कुछ घंटे पहले कल्पना प्रसूति…
 29 August 2026
भोपाल, मध्य प्रदेश में जल्द ही करीब 10 हजार शिक्षकों की भर्ती निकलने वाली है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्कूल शिक्षा विभाग को भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं।…
 29 August 2026
भोपाल, राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ के 150वें वर्ष के मौके पर भोपाल में भारतीय संस्कृति और देशभक्ति का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। विविधा कलायम सांस्कृतिक समिति की ओर से 1…
 29 August 2026
भोपाल। भोपाल शहर के बीच 200 से अधिक राष्ट्रीय पक्षी मोरों के प्राकृतिक बसेरे को मोरों पर केंद्रित देश के सबसे बड़े एकीकृत बायोडायवर्सिटी पार्क की योजना तैयार की गई…
 29 August 2026
भोपाल। नेपाल स्थित प्रसिद्ध तीर्थ स्थल गोसाईकुंड की धार्मिक यात्रा पर गए एक ही कुनबे के 29 श्रद्धालुओं के अचानक आई भीषण बाढ़ (फ्लैश फ्लड) में लापता होने का हृदयविदारक…
 29 August 2026
 भोपाल। भोपाल सेंट्रल जेल ने शुक्रवार को रक्षाबंधन के लिए खास इंतजाम किए, जिसके तहत बहनें जेल परिसर के अंदर अपने भाइयों से मिल सकीं और उन्हें राखी बांध सकीं।…
 29 August 2026
भोपाल। राजगढ़ के ब्यावरा में पुल के तीखे मोड़ ने चार यात्रियों की जान ले ली। इस दुर्घटना ने राजधानी के ऐशबाग में बने करीब 90 डिग्री मोड़ वाले पुल…
 29 August 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश में कांग्रेस की ऐसी कोई भी नियुक्ति नहीं होती है, जिसे लेकर विवाद न हो। कई बार नियुक्ति निरस्त करनी पड़ती हैं तो कुछ को समायोजित करके…
 29 August 2026
भोपाल। महज 32,792 रुपये की वसूली का विवाद खत्म होने में 47 साल लग गए। वर्ष 1979 में एमपी स्टेट एग्रो और पीडी महेश्वरी के बीच शुरू हुआ यह मामला…
Advt.