टाइटन का शेयर ऑल टाइम हाई पर, 7 महीने में 80,000 करोड़ का रिटर्न, राकेश झुनझुनवाला को बनाया था बिग बुल

Updated on 10-08-2026 03:16 PM
नई दिल्ली: देश के सबसे बड़े औद्योगिक घराने टाटा ग्रुप की कंपनी टाइटन का शेयर आज ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया। इसी शेयर ने दिवंगत निवेशक राकेश झुनझुनवाला को भारतीय शेयर बाजार का 'बिग बुल' बनाया था। टाइटन करीब दो साल तक कमजोर रिटर्न के बाद एक बार फिर निवेशकों की चहेती बन गई है। इस साल कंपनी की मार्केट वैल्यू में ₹80,000 करोड़ से अधिक की तेजी आई है। इसके पीछे कई कारण हैं। इनमें जूलरी की स्थिर मांग, सोने की स्थिर कीमत, ऑर्गेनाइज्ड जूलरी की बढ़ती मार्केट हिस्सेदारी, तनिष्क और कैरेटलेन का मजबूत कामकाज शामिल है।

टाइटन का शेयर बीएसई पर पिछले सत्र में 4,943 रुपये पर बंद हुआ था और आज 4,977.20 रुपये पर खुला। कारोबार के दौरान यह 3% से ज्यादा तेजी के साथ 5,121.30 रुपये तक पहुंचा जो इसका ऑल टाइम हाई है। इसके साथ ही कंपनी का मार्केट कैप 4.5 लाख करोड़ रुपये के पार पहुंच गया। पिछले दो साल में स्टॉक ने लगभग फ्लैट रिटर्न दिया। इससे ऊंचे वैल्यूएशन, सोने की बढ़ती कीमत, कम खर्च और मांग को लेकर चिंताओं ने निवेशकों को सतर्क रखा था।

इस साल क्या बदल गया?

इस साल जूलरी की मांग उम्मीद से कहीं अधिक मजबूत रही। लोगों को रुझान अब ऑर्गेनाइज्ड जूलरी चेन की तरफ बढ़ रहा है। इस बदलाव ने बड़े ब्रांडेड कंपनियों को बाजार हिस्सेदारी हासिल करने में मदद की है। खासकर शहरी और कस्बों में यह ट्रेंड देखने को मिल रहा है। इसका टाइटन को काफी फायदा मिला है।

साथ ही सोने की कीमतों ने भी टाइटन की रिकवरी में भूमिका निभाई। सोने की कीमतों में अपेक्षाकृत स्थिरता ने जून तिमाही के दौरान खरीदारों को स्टोर तक वापस लाने में मदद की। टाइटन के एक्सचेंज प्रोग्राम ने भी ग्रोथ में मदद की है। ये प्रोग्राम ग्राहकों को नई खरीदारी के लिए पुरानी जूलरी बदलने की सुविधा देते हैं। इससे कंपनी को अधिक उपभोक्ताओं को अपने संगठित रिटेल नेटवर्क में लाने में मदद मिली है।

कहां तक जाएगी कीमत?

कंपनी के जून तिमाही के नतीजों से भी शेयरों में तेजी आई। टाइटन ने पहली तिमाही में पिछले साल के मुकाबले नेट प्रॉफिट में 63% की बढ़ोतरी के साथ 1,777 करोड़ रुपये का प्रॉफिट दर्ज किया। HSBC ने टाइटन के लिए ₹5,290 का टारगेट प्राइस तय किया है। उसका कहना है कि भारत के जूलरी सेगमेंट का आउटलुक व्यापक कंजम्पशन मार्केट की तुलना में मजबूत बना हुआ है।

Citi ने टाइटन कंपनी पर अपनी 'बाय' रेटिंग बनाए रखी है और इसका टारगेट प्राइस ₹5,075 से बढ़ाकर ₹5,700 कर दिया है। इसी तरह मोतीलाल ओसवाल ने अपनी बाय कॉल और ₹6,000 का टारगेट प्राइस बरकरार रखा है। ब्रोकरेज का मानना ​​है कि सोर्सिंग, स्टडेड ज्वैलरी, युवाओं पर फोकस और री-इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी में अपनी मजबूत कॉम्पिटिटिव स्थिति के कारण टाइटन दूसरे ब्रांडेड प्लेयर्स के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन कर रही है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 29 August 2026
नई दिल्ली: कल शुक्रवार को मेन बोर्ड से टेम्पसैंस इंस्ट्रूमेंट्स का आईपीओ शेयर बाजार में लिस्ट हुआ। इसने लिस्टिंग पर ही निवेशकों को करीब 110 फीसदी मुनाफा दिया। बाद में…
 29 August 2026
नई दिल्ली: केंद्र सरकार के कर्मचारियों को 8वें वेतन आयोग से वेतन बढ़ने की उम्मीद है। हालांकि, आयोग की सिफारिशें लागू होने में देरी हुई तो कर्मचारियों को मिलने वाले…
 29 August 2026
नई दिल्ली: दिल्ली में संपत्ति के बंटवारे और मालिकाना हक को लेकर होने वाले कानूनी विवादों को कम करने के लिए दिल्ली सरकार एक बड़ा कदम उठाने जा रही है।…
 29 August 2026
नई दिल्ली: दिल्ली एनसीआर और कुछ अन्य शहरों में सीएनजी और पीएनजी सप्लाई करने की जिम्मेदारी इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड को है। इस कंपनी ने सीएनजी के दाम में 3.89 रुपये…
 29 August 2026
नई दिल्ली: महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) कमिश्नर तुकाराम मुंढे की कार्रवाई जारी है। फूड कंपनियों पर एक्शन लेने के साथ अब दवा कंपनी भी उनके निशाने पर आ…
 29 August 2026
नई दिल्ली: देश में इथेनॉल को बढ़ावा देने से चीनी के बाद अब दूध भी असर दिखाई देगा। दरअसल, मुंबई में दूध की कीमत 9 रुपये प्रति लीटर बढ़ गई…
 27 August 2026
नई दिल्ली: एक्सपोर्ट के मोर्चे पर अच्छी खबर है। भारत से गुड्स का एक्सपोर्ट इस फाइनेंशियल ईयर में $200 बिलियन पहुंच गया है। 21 अगस्त तक के आंकड़ों के मुताबिक…
 27 August 2026
नई दिल्ली: टाटा ग्रुप की एयरलाइन एयर इंडिया का बढ़ता घाटा सिंगापुर के लिए भी सिरदर्द बन गया है। इसकी गूंज सिंगापुर की संसद तक पहुंच सकती है। एयर इंडिया…
 27 August 2026
नई दिल्ली: भारत में हाई-फ्रीक्वेंसी ट्रेडिंग (HFT) कंपनियां इंटर्न्स को रेकॉर्ड तोड़ पैसा ऑफर कर रही हैं। शेयर बाजार में सुस्ती और डेरिवेटिव्स के कड़े नियमों के बीच, ये कंपनियां…
Advt.